UIDAI ने लॉन्च किया नया आधार ऐप, बिना सेंटर जाए घर बैठे होंगे कई काम, जानिए पूरा रिव्यू
UIDAI ने बायोमेट्रिक लॉक, मल्टी-प्रोफाइल सपोर्ट, QR कोड वेरिफिकेशन और घर बैठे अपडेट जैसी उन्नत सुविधाओं के साथ एक नया आधार ऐप लॉन्च किया है। पूरी समीक्षा पढ़ें।
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने नागरिकों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नया आधार ऐप लॉन्च कर दिया है। यह ऐप पुराने mAadhaar ऐप से पूरी तरह अलग और ज्यादा एडवांस है। नए आधार ऐप के जरिए अब लोगों को फिजिकल आधार कार्ड साथ रखने की जरूरत नहीं पड़ेगी। मोबाइल से ही आधार से जुड़े कई जरूरी काम घर बैठे किए जा सकेंगे। ऐप में मल्टी प्रोफाइल, बायोमैट्रिक लॉक, QR वेरिफिकेशन और सेलेक्टिव डाटा शेयरिंग जैसे आधुनिक फीचर्स दिए गए हैं। हमने इस ऐप को डाउनलोड कर इस्तेमाल किया और इसका पूरा अनुभव आपके लिए साझा कर रहे हैं।
MeitY और UIDAI ने मिलकर किया डेवलप
नया आधार ऐप इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) और UIDAI ने मिलकर तैयार किया है। यह ऐप गूगल प्ले स्टोर और एप्पल ऐप स्टोर दोनों पर उपलब्ध है। गूगल प्ले स्टोर पर इसे 50 लाख से ज्यादा लोग डाउनलोड कर चुके हैं और इसे 4.1 स्टार रेटिंग मिली है। एंड्रॉयड यूजर्स के लिए इसका साइज 59MB से 98MB के बीच है और यह Android 10 या उससे ऊपर के फोन में काम करता है। वहीं iOS यूजर्स के लिए ऐप का साइज 180MB है और इसे iOS 15 या उससे ऊपर के वर्जन पर इस्तेमाल किया जा सकता है।
ऐप को इस्तेमाल करने की आसान प्रक्रिया
ऐप इंस्टॉल करने के बाद कुछ जरूरी परमिशन देनी होती हैं। इसके बाद ऐप को सुरक्षित रखने के लिए पिन सेट करना होता है। फिर आधार नंबर या मोबाइल नंबर डालकर नेटवर्क, सिम और फेस वेरिफिकेशन के जरिए लॉगिन किया जा सकता है। सभी स्टेप्स पूरे होने के बाद यूजर ऐप के अंदर एंटर कर पाता है।
नए आधार ऐप की खास खूबियां
इस ऐप में एक आधार प्रोफाइल के साथ 5 अन्य प्रोफाइल जोड़ने की सुविधा मिलती है। यानी एक ही मोबाइल से परिवार के 5 सदस्यों के आधार मैनेज किए जा सकते हैं। सबसे बड़ी सुविधा यह है कि अब मोबाइल नंबर और एड्रेस घर बैठे अपडेट किए जा सकते हैं। बायोमैट्रिक लॉक और अनलॉक सिर्फ एक क्लिक में हो जाता है। ऐप यह भी दिखाता है कि आधार कब और कहां इस्तेमाल हुआ।
प्राइवेसी और सिक्योरिटी पर खास फोकस
नए आधार ऐप में सेलेक्टिव डाटा शेयरिंग का ऑप्शन है, जिससे यूजर केवल जरूरी जानकारी ही शेयर कर सकता है। पूरा आधार डाटा शेयर करने की जरूरत नहीं होगी। QR बेस्ड वेरिफिकेशन से पहचान और ज्यादा सुरक्षित हो जाती है। यह ऐप सिम बाइंडिंग फीचर के साथ आता है, यानी जिस नंबर से आधार लिंक है, उसी नंबर से ऐप चलेगा।
mAadhaar से कैसे अलग है नया ऐप
पुराने mAadhaar में केवल बेसिक सेवाएं मिलती थीं, जबकि नया ऐप पूरी तरह मॉडर्न और प्राइवेसी फर्स्ट डिजाइन पर आधारित है। इसमें जल्द ही नाम और ईमेल आईडी बदलने की सुविधा भी जोड़ी जाएगी। यह ऐप 13 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध है और डिजिटल आधार कार्ड की तरह काम करता है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0