सुप्रीम कोर्ट में तीन याचिकाओं पर सुनवाई
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में तीन अलग-अलग याचिकाएं दाखिल की गई थीं। इन याचिकाओं में मामले की जांच सीबीआई को सौंपने की मांग के साथ-साथ मंदिर में दान और चढ़ावे के प्रबंधन से जुड़े मामलों की समीक्षा के लिए विशेषज्ञ समिति बनाने की मांग भी की गई है। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ताओं की ओर से कहा गया कि जांच के दौरान CCTV फुटेज समेत अन्य डिजिटल सबूतों की सुरक्षा बेहद जरूरी है। इस पर कोर्ट ने CCTV सुरक्षित रखने का निर्देश दिया।
"ऊर्जा बचाकर रखें, बाहर भी जरूरत पड़ेगी"- CJI सूर्यकांत
सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई शुरू होते ही याचिकाकर्ता के वकील ने कहा कि SIT का गठन हो चुका है और मामले में कुछ घटनाक्रम हुए हैं। उन्होंने CCTV फुटेज आदि को लेकर चिंता जताई। इस पर चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने टिप्पणी करते हुए कहा कि अपनी ऊर्जा बचाकर रखें, आपको बाहर भी इसकी जरूरत पड़ेगी। इसके बाद कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए SIT से विस्तृत रिपोर्ट मांगी।
अब तक 8 आरोपी गिरफ्तार, रिमांड खत्म होने पर होगी पेशी
वहीं, अयोध्या पुलिस इस मामले में गिरफ्तार सभी 8 आरोपियों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट में पेश करेगी। आरोपियों की रिमांड सोमवार को खत्म हो रही है। पुलिस मंदिर ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय के करीबी बताए जा रहे रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू और चढ़ावा गिनती के प्रभारी रहे सुभाष श्रीवास्तव की 7 दिन की रिमांड मांग सकती है। इससे पहले पुलिस ने आरोपी अविनाश, अनुकल्प, लवकुश और करुणेश को रिमांड पर लेकर पूछताछ की थी। सभी आरोपियों को फैजाबाद जेल में अलग-अलग बैरक में रखा गया है।
जांच पर बढ़ी निगाहें, अब SIT रिपोर्ट का इंतजार
राम मंदिर करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। ऐसे में चढ़ावे से जुड़े मामले ने प्रशासन और मंदिर प्रबंधन दोनों के सामने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। अब सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद SIT की जांच रिपोर्ट पर सभी की नजरें टिक गई हैं। 20 जुलाई को होने वाली सुनवाई में यह साफ हो सकता है कि जांच किस दिशा में आगे बढ़ रही है और SIT ने अब तक क्या-क्या कदम उठाए हैं।