राम मंदिर को उड़ाने की रची साजिश, कर्नाटक से गिरफ्तार हुआ सहारनपुर का युवक, ATS-NIA की जांच में मिले कई चौंकाने वाले सुराग
राम मंदिर को निशाना बनाने की कथित साजिश के मामले में ATS-NIA ने कर्नाटक से सहारनपुर के एक युवक को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसियों को उसके मोबाइल से पाकिस्तान के नंबर, संदिग्ध चैट और हथियारों के साथ तस्वीरें मिली हैं। आखिर कैसे एक मजदूर परिवार का युवक एजेंसियों के रडार पर आया?
अयोध्या के राम मंदिर की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर देश की सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। ATS और NIA ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए कर्नाटक से एक 22 वर्षीय युवक को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसियों का दावा है कि युवक कथित रूप से राम मंदिर को निशाना बनाने की साजिश से जुड़ा हुआ था और उसके पाकिस्तान स्थित संदिग्ध तत्वों से संपर्क होने के संकेत मिले हैं। गिरफ्तारी के बाद उससे लगातार पूछताछ की जा रही है और कई केंद्रीय एजेंसियां मामले की तह तक पहुंचने में जुटी हैं।
सहारनपुर से कर्नाटक तक पहुंची जांच की कड़ी
गिरफ्तार युवक की पहचान मोहम्मद सुहैल के रूप में हुई है, जो उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले के गंगोह क्षेत्र का रहने वाला है। वह पिछले कुछ समय से कर्नाटक के दावणगेरे में रहकर एक फैक्ट्री में काम कर रहा था। जांच एजेंसियों का कहना है कि वह अपनी पहचान छिपाकर रह रहा था, हालांकि उसने यह कैसे किया, इसकी पड़ताल अभी जारी है। सूत्रों के मुताबिक, कुछ दिन पहले कर्नाटक से दो अन्य संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया गया था। पूछताछ के दौरान दोनों ने सुहैल का नाम बताया, जिसके बाद एजेंसियों ने उसके बारे में जानकारी जुटानी शुरू की। कई दिनों तक निगरानी के बाद ATS और स्थानीय सुरक्षा एजेंसियों ने संयुक्त ऑपरेशन चलाकर उसे दावणगेरे जिले के बन्नीकोडु गांव से गिरफ्तार कर लिया।
मोबाइल फोन से मिले कई अहम सुराग
जांच एजेंसियों के अनुसार, सुहैल के मोबाइल फोन से कई ऐसे डिजिटल सबूत मिले हैं, जिनकी गहन जांच की जा रही है। इनमें पाकिस्तान के कंट्री कोड वाले कुछ संपर्क नंबर, संदिग्ध व्हाट्सऐप ग्रुप, ऑडियो क्लिप और हथियारों के साथ तस्वीरें शामिल हैं। अधिकारियों का कहना है कि इन सभी डिजिटल सामग्रियों की फोरेंसिक जांच कराई जा रही है ताकि उनके स्रोत और वास्तविकता की पुष्टि की जा सके। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि युवक कथित तौर पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए कुछ संदिग्ध लोगों के संपर्क में आया था। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि क्या यह मामला किसी बड़े नेटवर्क से जुड़ा है या फिर युवक अकेले काम कर रहा था। इसके लिए उसके कॉल रिकॉर्ड, चैट हिस्ट्री और ऑनलाइन गतिविधियों की भी जांच की जा रही है।
मजदूर परिवार से निकलकर एजेंसियों के रडार तक
गांव में रहने वाले लोगों के लिए यह गिरफ्तारी किसी बड़े झटके से कम नहीं है। सुहैल के पिता लियाकत मजदूरी करते हैं और परिवार आर्थिक रूप से बेहद साधारण स्थिति में है। परिवार में नौ बच्चे हैं। परिजनों के मुताबिक सुहैल ने मदरसे से पांचवीं तक पढ़ाई की थी और रोजगार की तलाश में कुछ सप्ताह पहले ही कर्नाटक गया था। गांव में उसके खिलाफ पहले किसी बड़ी आपराधिक गतिविधि की जानकारी सामने नहीं आई है।
कई सवालों के जवाब तलाश रही एजेंसियां
जांच एजेंसियों के सामने अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या यह मामला केवल ऑनलाइन संपर्क तक सीमित था या फिर किसी बड़े आतंकी मॉड्यूल की तैयारी का हिस्सा था। इसके अलावा यह भी जांच की जा रही है कि युवक किन-किन लोगों के संपर्क में था, उसे किसने निर्देश दिए और कथित योजना कितनी आगे बढ़ चुकी थी। फिलहाल ATS और NIA की टीमें उससे लगातार पूछताछ कर रही हैं। सूत्रों के अनुसार उसे जल्द ही उत्तर प्रदेश लाकर आगे की जांच की जा सकती है। वहीं सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले को राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील केस के रूप में देख रही हैं।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0
