फेस्टिवल सीजन से पहले 95 टन खाने-पीने का सामान जब्त, महाराष्ट्र में बड़ा एक्शन, खाने में मिलावट करने वालों पर FDA सख्त 

फेस्टिवल सीजन से पहले महाराष्ट्र FDA ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 95 टन से ज्यादा बटर, पनीर, खोया और दूसरी खाद्य सामग्री जब्त की है। इसकी कीमत करीब ₹4.45 करोड़ बताई गई है। अहिल्यानगर में अकेले करीब ₹3.95 करोड़ का बटर मिला, जबकि पुणे, नासिक और बुलढाणा में भी बड़ी मात्रा में खाद्य सामग्री पर कार्रवाई हुई।

Sep 13, 2026 - 12:54
 0
फेस्टिवल सीजन से पहले 95 टन खाने-पीने का सामान जब्त, महाराष्ट्र में बड़ा एक्शन, खाने में मिलावट करने वालों पर FDA सख्त 

मुंबई। फेस्टिवल सीजन शुरू होने से पहले महाराष्ट्र में खाने-पीने की चीजों की गुणवत्ता को लेकर फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन यानी FDA ने बड़ा अभियान चलाया है। पिछले दो दिनों में राज्यभर में हुई जांच और छापेमारी के दौरान 95 टन से ज्यादा बटर, पनीर, खोया और दूसरी खाद्य सामग्री जब्त की गई। इसके अलावा 172 लीटर दूध भी कार्रवाई के दौरान जब्त किया गया। जब्त किए गए सामान की कुल कीमत करीब 4.45 करोड़ रुपए बताई गई है। FDA के मुताबिक, त्योहारों के दौरान बाजार में बड़ी मात्रा में दूध और दूध से बने उत्पादों की मांग बढ़ जाती है। इसी को देखते हुए खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, स्वच्छता और दस्तावेजों की जांच के लिए यह अभियान चलाया गया। अहिल्यानगर, पुणे, नासिक और बुलढाणा में हुई कार्रवाई के दौरान अधिकारियों को कई जगहों पर स्टोरेज, लेबलिंग, बिल और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता से जुड़ी खामियां मिलीं।

कोल्ड स्टोरेज से करीब 4 करोड़ का बटर जब्त
अहिल्यानगर में FDA की टीम ने एक कोल्ड स्टोरेज पर छापा मारा। यहां से 75,368 किलो पाश्चराइज्ड अनसॉल्टेड कुकिंग बटर जब्त किया गया। इसकी कीमत करीब 3.95 करोड़ रुपए बताई गई है। अधिकारियों को बटर के स्टॉक की गुणवत्ता खराब होने और लेबलिंग में गड़बड़ी की आशंका थी। इसके बाद पूरे स्टॉक को सील कर दिया गया और उसके सैंपल जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। लैब रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

पुणे में दो गाड़ियों से हजारों किलो पनीर और दूसरी सामग्री मिली
पुणे में FDA अधिकारियों ने फेस्टिवल सीजन में बिक्री के लिए ले जाई जा रही दो गाड़ियों को रोका। जांच के दौरान इनमें पनीर, खोया और दही समेत बड़ी मात्रा में दूध से बने उत्पाद मिले। अधिकारियों के मुताबिक, इन खाद्य पदार्थों को ले जाने वाली गाड़ियों में तापमान नियंत्रित रखने की पर्याप्त व्यवस्था नहीं थी। इसके अलावा कर्नाटक से लाए गए पनीर से जुड़े जरूरी बिल भी नहीं मिले। कुछ खाद्य उत्पाद बिना सील वाली पॉलीथिन में रखे गए थे। उन पर भी जरूरी जानकारी वाले सही लेबल नहीं लगे थे। FDA ने इन उत्पादों के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे और बड़ी मात्रा में स्टॉक जब्त कर लिया। पहली गाड़ी से 24 सैंपल लिए गए और 7,362 किलो पनीर समेत अन्य खाद्य सामग्री जब्त की गई। इसकी कीमत करीब 17.15 लाख रुपए बताई गई है। दूसरी गाड़ी से 12 सैंपल लिए गए और 6,081 किलो पनीर जब्त किया गया। इसकी कीमत करीब 14.55 लाख रुपए थी।

पुणे में 4,627 किलो खोया जब्त
पुणे में 9 सितंबर को पेठ स्थित केबी अग्रवाल में FDA की टीम ने कार्रवाई की। यहां से 4,627 किलो खोया बरामद किया गया। इसकी कीमत करीब 11.56 लाख रुपए थी। अधिकारियों के मुताबिक, खोया किस स्रोत से लाया गया था, इसकी जानकारी उपलब्ध नहीं थी। खाद्य सामग्री के स्रोत का उचित रिकॉर्ड नहीं मिलने के बाद पूरा स्टॉक जब्त कर दिया गया और बाद में उसे नष्ट कर दिया गया। पुणे में अलग-अलग तीन कार्रवाइयों के दौरान कुल 18,070 किलो खाद्य सामग्री जब्त की गई। इस दौरान 69 सैंपल लिए गए और जब्त सामान की कीमत करीब 43.27 लाख रुपए बताई गई है।

गुजरात से आ रही 1,955 किलो बर्फी भी पकड़ी
नासिक में FDA ने गुजरात से लाई जा रही 1,955 किलो बर्फी जब्त की। इसकी कीमत करीब 5.58 लाख रुपए बताई गई है। त्योहारों के दौरान मिठाइयों की मांग बढ़ने के बीच इतनी बड़ी मात्रा में बर्फी की खेप पकड़े जाने के बाद खाद्य सुरक्षा को लेकर जांच और सख्त कर दी गई है। बुलढाणा के यरली में FDA की टीम ने एक दूध सेंटर की जांच की। यहां रजिस्ट्रेशन, साफ-सफाई और रिकॉर्ड से जुड़ी कई कमियां सामने आईं। जांच के दौरान 172 लीटर दूध जब्त किया गया। अधिकारियों ने इसे मौके पर ही नष्ट कर दिया। FDA की कार्रवाई से साफ है कि फेस्टिवल सीजन में बाजार में आने वाले दूध और उससे बने उत्पादों पर विभाग की नजर बनी हुई है।

नए कमिश्नर के आने के बाद लगातार चर्चा में FDA की कार्रवाई
महाराष्ट्र FDA पिछले कुछ महीनों से लगातार अपनी कार्रवाई को लेकर चर्चा में है। इसकी एक बड़ी वजह नए FDA कमिश्नर तुकाराम मुंढे हैं। तुकाराम मुंढे के पद संभालने के बाद विभाग ने खाद्य और दवा से जुड़े मामलों में कार्रवाई तेज की है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, पद संभालने के करीब तीन महीने के भीतर FDA ने 1,100 से ज्यादा छापे मारे और 165 लाइसेंस सस्पेंड किए। विभाग ने पूरे महाराष्ट्र में नकली पनीर के खिलाफ भी कार्रवाई तेज की है। कार्रवाई का दायरा इतना व्यापक रहा कि हाईकोर्ट की कैंटीन तक जांच के दायरे में आ गई।

शाहरुख, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को भी नोटिस
FDA की कार्रवाई सिर्फ खाद्य दुकानों और कारोबारियों तक सीमित नहीं रही। विभाग ने विमल के विज्ञापन को लेकर बॉलीवुड के तीन बड़े सितारों शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को भी नोटिस जारी किया है। इसके बाद सोशल मीडिया पर तुकाराम मुंढे को लेकर चर्चा तेज हो गई और उन्हें रियल लाइफ सिंघम कहा जाने लगा। फेस्टिवल सीजन में खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ने के बीच महाराष्ट्र FDA की ताजा कार्रवाई ने मिलावट और खराब गुणवत्ता वाले खाद्य उत्पादों को लेकर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। विभाग का कहना है कि लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0
Sushant Pratap Singh Sushant Pratap Singh is an Indian content creator, video producer, and media professional known for creating political explainer videos, digital journalism content, and social media campaigns. He has worked with UP News Network and specializes in video production, content writing, and social media management. Sushant Pratap Singh began his media career as a content creator and video producer associated with UP News Network. During his professional journey, he worked on political and social explainer content, digital journalism, and social media engagement. He has experience in producing and editing news videos, writing articles for digital platforms, and managing online audience engagement through social media strategies. His work also includes anchoring, on-camera presentation, and graphic design for digital media content. Skills-: Content Writing and Article Writing | Social Media Management | Anchoring and Presentation | Video Editing using Adobe Premiere Pro | Video Production | Graphic Design using Canva | Political and Social Explainer Content