25 दिन पहले छूटा था साथ, जन्मदिन पर छलक पड़ा अपर्णा यादव का दर्द; बेटी ने पियानो बजाकर कहा- हैप्पी बर्थडे पापा
प्रतीक यादव के निधन के 25 दिन बाद आए जन्मदिन पर पत्नी अपर्णा यादव भावुक हो गईं। बेटी ने पियानो पर हैप्पी बर्थडे की धुन बजाई, जबकि परिवार ने यादों के साथ उन्हें श्रद्धांजलि दी।
लखनऊ। कुछ जन्मदिन ऐसे होते हैं, जिनमें केक नहीं कटता, लेकिन आंखें नम हो जाती हैं। कुछ तारीखें ऐसी होती हैं, जो खुशियां नहीं, यादों का सैलाब लेकर आती हैं। समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के छोटे भाई प्रतीक यादव का 7 जून ऐसा ही एक जन्मदिन बन गया, जिसने पूरे यादव परिवार को भावुक कर दिया। महज 25 दिन पहले 13 मई को दुनिया को अलविदा कह चुके प्रतीक यादव का रविवार को जन्मदिन था। इस मौके पर उनकी पत्नी अपर्णा यादव ने सोशल मीडिया पर एक ऐसी पोस्ट साझा की, जिसने हजारों लोगों को भावुक कर दिया। अपर्णा ने अपनी छोटी बेटी पद्मजा और प्रतीक यादव की एक तस्वीर शेयर करते हुए लिखा कि जैसा आप हमेशा कहते थे... आप हमेशा जवान रहेंगे।
पापा की याद में बेटी ने बजाई पियानो की धुन
जन्मदिन के दिन परिवार का सबसे भावुक पल तब सामने आया, जब बड़ी बेटी प्रथमा ने पियानो पर हैप्पी बर्थडे की धुन बजाकर अपने पिता को याद किया। यह कोई साधारण पियानो नहीं था। यह वही सफेद पियानो था, जिसे कभी प्रतीक यादव ने अपनी बेटी को उपहार में दिया था। पिता की गैरमौजूदगी में उसी पियानो की धुन घर में गूंजती रही और हर किसी की आंखें नम करती रही।
सोशल मीडिया पर जिंदा हैं यादें
अपर्णा यादव ने फेसबुक स्टोरी पर भी प्रतीक यादव का एक वीडियो साझा किया। वीडियो में प्रतीक अपनी पसंदीदा कार रेसिंग का आनंद लेते नजर आ रहे हैं। वहीं छोटी बेटी पद्मजा ने कुछ दिन पहले अपने हाथ पर एक खास टैटू बनवाया था। इस टैटू में प्रतीक यादव अपनी बेटी को सीने से लगाए हुए दिखाई देते हैं। यह टैटू अब सिर्फ एक तस्वीर नहीं, बल्कि पिता-बेटी के अटूट रिश्ते की निशानी बन चुका है।
38 साल की उम्र में अचानक थम गई जिंदगी
13 मई की सुबह यादव परिवार के लिए किसी सदमे से कम नहीं थी। महज 38 साल की उम्र में प्रतीक यादव का निधन हो गया। 14 मई को लखनऊ के बैकुंठ धाम श्मशान घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया। मुखाग्नि उनके ससुर अरविंद सिंह बिष्ट ने दी थी। इसके बाद 16 मई को हरिद्वार के वीवीआईपी घाट पर अस्थियों का विसर्जन किया गया। अपर्णा यादव अपनी दोनों बेटियों के साथ चार्टर्ड विमान से हरिद्वार पहुंची थीं। इस दौरान परिवार के कई सदस्य भी उनके साथ मौजूद रहे।
तेरहवीं में रो पड़ी थीं अपर्णा
25 मई को विक्रमादित्य मार्ग स्थित आवास पर प्रतीक यादव की तेरहवीं का कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस दौरान अपर्णा यादव ने स्वयं लोगों को भोजन परोसा। जब श्रद्धांजलि सभा में मौजूद लोगों ने प्रतीक भैया अमर रहें के नारे लगाए, तो अपर्णा खुद को संभाल नहीं सकीं। उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। तेरहवीं में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी पहुंचे थे। उन्होंने प्रतीक यादव को श्रद्धांजलि अर्पित की और अपर्णा यादव को सांत्वना दी। अखिलेश यादव, शिवपाल यादव, डिंपल यादव समेत पूरा परिवार कार्यक्रम में मौजूद रहा।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामने आई मौत की वजह
प्रतीक यादव की मौत के बाद पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में कार्डिएक अरेस्ट को मौत का कारण बताया गया था। डॉक्टरों के अनुसार उनके फेफड़ों में बड़ी मात्रा में खून के थक्के जमा हो गए थे। इससे हार्ट और फेफड़ों ने काम करना बंद कर दिया। मेडिकल रिपोर्ट के मुताबिक वह पल्मोनरी एम्बोलिज्म नाम की गंभीर बीमारी से पीड़ित थे। बताया जाता है कि 30 अप्रैल को उनकी तबीयत बिगड़ने पर उन्हें लखनऊ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। कुछ राहत मिलने के बाद वे घर लौट आए थे, लेकिन 13 मई की सुबह उनकी जिंदगी की अंतिम सुबह साबित हुई।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0
