पेट फूलना, थकान और मूड में बदलाव: महिलाओं में छिपी हो सकती है गंभीर पोषण की कमी
महिलाओं में लगातार पेट फूलना, थकान और मनोदशा में बदलाव आयरन या हीमोग्लोबिन की कमी का संकेत हो सकता है। लक्षणों, कारणों और डॉक्टर से परामर्श लेने के समय के बारे में जानें।
अक्सर देखा जाता है कि महिलाएं पेट फूलने यानी ब्लोटिंग की समस्या को गैस, एसिडिटी या खराब खानपान से जोड़कर नजरअंदाज कर देती हैं। लेकिन अगर पेट फूलने के साथ-साथ लगातार थकान, चिड़चिड़ापन और मूड में बदलाव भी महसूस हो रहा है, तो यह केवल पेट की समस्या नहीं हो सकती। विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे लक्षण शरीर में पोषण की कमी, खासतौर पर आयरन और हीमोग्लोबिन की कमी की ओर इशारा कर सकते हैं। अगर ये लक्षण लंबे समय तक बने रहें, तो यह सेहत के लिए गंभीर हो सकता है। इसलिए समय रहते कारण समझना और सही कदम उठाना बहुत जरूरी है।
पेट फूलने के पीछे आयरन की कमी भी हो सकती है कारण
शरीर में आयरन की कमी होने पर एनीमिया की समस्या हो जाती है। आयरन की कमी से न सिर्फ खून की मात्रा प्रभावित होती है, बल्कि शरीर में हल्की सूजन भी हो सकती है। इसी सूजन के कारण पेट फूलना, शरीर भारी लगना और लगातार थकान महसूस हो सकती है। कई महिलाओं में इसके साथ चिड़चिड़ापन, बेचैनी और तनाव जैसे लक्षण भी दिखाई देते हैं।
हीमोग्लोबिन कम होने से बढ़ती हैं समस्याएं
आयरन शरीर में हीमोग्लोबिन बनाने में अहम भूमिका निभाता है। हीमोग्लोबिन का काम पूरे शरीर और दिमाग तक ऑक्सीजन पहुंचाना होता है। जब आयरन और हीमोग्लोबिन का स्तर कम हो जाता है, तो शरीर के कई सिस्टम ठीक से काम नहीं कर पाते। इसका असर दिमाग की कार्यप्रणाली, इम्यून सिस्टम और एनर्जी लेवल पर पड़ता है। यही वजह है कि ऐसे में शारीरिक और मानसिक दोनों तरह के लक्षण सामने आते हैं।
आयरन और हीमोग्लोबिन की कमी के आम लक्षण
एनीमिया होने पर शरीर और दिमाग को पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं मिल पाती। इससे व्यक्ति को हर समय थकान, कमजोरी और सुस्ती महसूस होती है। मूड बार-बार बदलना, उदासी छाई रहना और चिड़चिड़ापन भी इसके लक्षण हो सकते हैं। कई महिलाओं को पेट फूलने, शरीर में भारीपन और हल्की एक्सरसाइज करने पर भी जल्दी थक जाने की समस्या होती है। हार्मोनल असंतुलन और मेटाबॉलिज्म पर असर पड़ने से ये लक्षण और बढ़ सकते हैं।
पेट फूलने और थकान की समस्या में क्या करें
अगर आराम करने, खानपान सुधारने और लाइफस्टाइल बदलने के बाद भी कोई सुधार नहीं दिख रहा है, तो इसे नजरअंदाज न करें। डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है। डॉक्टर हीमोग्लोबिन, फेरिटिन, विटामिन बी12 और सूजन से जुड़ी जांच कराने की सलाह दे सकते हैं। सही समय पर जांच और इलाज से बड़ी परेशानी से बचा जा सकता है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0