प्रतापगढ़ के 106 गांवों के विकास की बनी कार्ययोजना, PM आदर्श ग्राम योजना को लेकर अधिकारियों की बड़ी बैठक
प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के अंतर्गत प्रतापगढ़ में जिला अभिसरण समिति की बैठक आयोजित की गई। अनुसूचित जाति की अधिक आबादी वाले 106 चयनित गांवों के लिए विकास योजनाएं तैयार की गई हैं।
प्रतापगढ़ में प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना (PMAGY) के तहत चयनित गांवों के विकास को लेकर शुक्रवार को विकास भवन सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। भारत सरकार द्वारा प्रायोजित इस योजना का उद्देश्य अनुसूचित जाति समुदाय के लोगों को सामाजिक, आर्थिक और शैक्षिक रूप से मुख्यधारा के बराबर लाना है। जिलाधिकारी के निर्देश पर आयोजित इस बैठक की अध्यक्षता मुख्य विकास अधिकारी ने की। बैठक में जिले के चयनित गांवों में विकास योजनाओं की प्रगति, सर्वेक्षण और गैप-फिलिंग कार्यों की समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि सभी कार्य समय पर और प्रभावी तरीके से पूरे किए जाएं ताकि ग्रामीणों को योजना का पूरा लाभ मिल सके।
164 गांवों का किया गया चयन
बैठक में बताया गया कि वर्ष 2011 की जनगणना और क्षेत्रीय दृष्टिकोण के आधार पर जिले में 50 प्रतिशत और 40 प्रतिशत से अधिक अनुसूचित जाति आबादी वाले कुल 164 गांवों का चयन किया गया है। इन गांवों को प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत विकास कार्यों के लिए शामिल किया गया है। अधिकारियों ने जानकारी दी कि पहले चरण में 106 गांवों की ग्राम विकास योजना यानी VDP तैयार कर ली गई है। इन योजनाओं के माध्यम से गांवों में मूलभूत सुविधाओं और विकास कार्यों को बेहतर बनाने का प्रयास किया जाएगा।
अधिकारियों को दिए गए जरूरी निर्देश
बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि चयनित गांवों में गैप-फिलिंग, सर्वेक्षण और अन्य विकास कार्यों को तेजी से पूरा कराया जाए। योजना का मुख्य उद्देश्य अनुसूचित जाति समुदाय के लोगों को बेहतर शिक्षा, रोजगार और सामाजिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। जीतलाल पटेल भी बैठक में मौजूद रहे। उन्होंने योजना के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर अपने सुझाव दिए और कहा कि गांवों में विकास कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाना चाहिए।
अधिकारियों ने सहयोग का दिया भरोसा
बैठक में परियोजना निदेशक और जिला पंचायत राज अधिकारी ने भी अपने विचार रखे और हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया। जिला समाज कल्याण अधिकारी (विकास) डॉ. आकांक्षा दीक्षित ने सहायक और ग्राम विकास अधिकारियों को सर्वेक्षण कार्य से जुड़े जरूरी दिशा-निर्देश दिए। इसके अलावा विभिन्न खंड विकास अधिकारियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बैठक में हिस्सा लिया और योजना को सफल बनाने में पूरा सहयोग देने की बात कही।
समग्र विकास पर रहा जोर
बैठक का मुख्य उद्देश्य अधिकारियों, कर्मचारियों और ग्रामीणों के सहयोग से एक मजबूत और त्रुटिहीन कार्ययोजना तैयार करना था, ताकि चयनित गांवों का समग्र विकास सुनिश्चित किया जा सके। अंत में समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ बैठक का समापन किया गया।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0
