बाहुबली बृजभूषण सिंह के विधायक बेटे ने CM योगी को लिखी चिट्ठी: श्रावस्ती एयरपोर्ट के निर्माण पर उठाए सवाल, जांच और कार्रवाई की मांग
उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती एयरपोर्ट के निर्माण और रखरखाव की गुणवत्ता पर भाजपा विधायक प्रतीक भूषण सिंह ने सवाल उठाए हैं। पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के बेटे और गोंडा सदर से विधायक प्रतीक भूषण ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर एयरपोर्ट के निर्माण, मरम्मत और नवीनीकरण कार्यों की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। विधायक ने IIT रुड़की की संरचनात्मक ऑडिट रिपोर्ट का हवाला देते हुए भवनों में निर्माण संबंधी खामियों, सरिया बाहर निकलने, प्लास्टर उखड़ने, छतों से पानी रिसने और ड्रेनेज व्यवस्था में गड़बड़ी जैसी शिकायतों का उल्लेख किया है। विधायक का कहना है कि अगर जांच में भ्रष्टाचार या लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। हालांकि, आरोपों की पुष्टि जांच के निष्कर्षों से ही होगी।
उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती एयरपोर्ट के निर्माण और रखरखाव की गुणवत्ता को लेकर सवाल उठे हैं। गोंडा सदर से भाजपा विधायक प्रतीक भूषण सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर एयरपोर्ट के निर्माण, मरम्मत और नवीनीकरण कार्यों की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के बेटे प्रतीक भूषण ने अपने पत्र में भवनों में दरारें, छतों से पानी टपकने, जल निकासी की समस्या और निर्माण सामग्री की गुणवत्ता से जुड़ी शिकायतों का उल्लेख किया है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और ठेकेदारों की जवाबदेही तय करने की मांग भी की है। विधायक ने अपनी शिकायत में भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) रुड़की की संरचनात्मक ऑडिट रिपोर्ट का हवाला दिया है। उनका कहना है कि रिपोर्ट में कुछ निर्माण कार्यों को लेकर गंभीर खामियां सामने आई हैं। हालांकि, निर्माण में भ्रष्टाचार हुआ है या लापरवाही बरती गई है, इसका अंतिम निर्धारण जांच के बाद ही हो सकेगा।
सरिया, प्लास्टर और छतों की हालत पर उठाए सवाल
प्रतीक भूषण सिंह के मुताबिक, एयरपोर्ट परिसर में कई जगह निर्माण की गुणवत्ता से जुड़ी समस्याएं दिखाई दी हैं। उन्होंने सरिया बाहर निकलने, प्लास्टर उखड़ने और जल निकासी व्यवस्था में गड़बड़ी का मुद्दा उठाया है। उनका कहना है कि एयरपोर्ट जैसी महत्वपूर्ण परियोजना में इस तरह की शिकायतों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए। विधायक ने मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में निर्माण कार्यों की तकनीकी जांच कराने और यह पता लगाने की मांग की है कि संबंधित काम तय मानकों के अनुरूप हुए थे या नहीं। उन्होंने जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदारों की भूमिका की भी जांच करने की बात कही है।
IIT रुड़की की ऑडिट रिपोर्ट का दिया हवाला
प्रतीक भूषण सिंह ने अपनी शिकायत में IIT रुड़की की संरचनात्मक ऑडिट रिपोर्ट का उल्लेख किया है। उनके अनुसार, रिपोर्ट में एयरपोर्ट की कुछ इमारतों में निर्माण संबंधी खामियों की बात सामने आई है। टर्मिनल भवन, एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) भवन और अन्य संरचनाओं की गुणवत्ता को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं। विधायक ने तकनीकी दस्तावेजों और निर्माण से जुड़े अभिलेखों को लेकर भी सवाल किए हैं। उनका कहना है कि निर्माण की गुणवत्ता का सही आकलन करने के लिए स्वीकृत नक्शों, डिजाइन और अन्य जरूरी दस्तावेजों की जांच होनी चाहिए। इन शिकायतों के आधार पर उन्होंने पूरे मामले की स्वतंत्र और उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। ऑडिट रिपोर्ट में दर्ज टिप्पणियों और आरोपों के आधार पर किसी व्यक्ति या संस्था को दोषी मानने से पहले जांच के निष्कर्ष सामने आना जरूरी है।
जलभराव और ड्रेनेज की समस्या का भी जिक्र
विधायक ने एयरपोर्ट परिसर में जलभराव और जल निकासी व्यवस्था की खराब स्थिति का मुद्दा भी उठाया है। उनके मुताबिक, कुछ स्थानों पर नालियों की हालत ठीक नहीं है, जिससे पानी की निकासी प्रभावित हो सकती है। उन्होंने भवनों में सीलन, दरारों और छतों से पानी रिसने जैसी शिकायतों का भी उल्लेख किया। प्रतीक भूषण सिंह ने एयरपोर्ट की परिधि दीवार और रनवे क्षेत्र की सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई है। उनके पत्र के अनुसार, परिसर में पशुओं के प्रवेश की आशंका विमान परिचालन की सुरक्षा के लिहाज से गंभीर विषय है। उन्होंने निर्माण की गुणवत्ता के साथ-साथ एयरपोर्ट के रखरखाव और सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने की मांग की है।
प्रधानमंत्री का महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट बताकर उठाया मुद्दा
प्रतीक भूषण सिंह ने श्रावस्ती एयरपोर्ट को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वाकांक्षी परियोजना बताते हुए कहा कि स्थानीय लोगों को इससे काफी उम्मीदें हैं। उनके मुताबिक, यह परियोजना क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण है और इसके निर्माण में गुणवत्ता के मानकों का पालन होना चाहिए। विधायक ने कहा कि अगर निर्माण कार्य में भ्रष्टाचार या लापरवाही हुई है, तो जांच के जरिए इसकी जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि सरकारी परियोजनाओं में घटिया निर्माण और तकनीकी खामियों को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।
CM योगी से जांच और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग
प्रतीक भूषण सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मामले में गंभीरता से संज्ञान लेने और जांच के आधार पर कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि सरकार की जिम्मेदारी है कि सार्वजनिक धन से बनने वाली परियोजनाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित हो और निर्माण के बाद उनका रखरखाव भी ठीक ढंग से किया जाए। विधायक ने भरोसा जताया कि उनकी शिकायत पर कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि अगर जांच में किसी अधिकारी, इंजीनियर या ठेकेदार की लापरवाही सामने आती है, तो उसके खिलाफ उचित कदम उठाए जाने चाहिए। फिलहाल, इस मामले में विधायक की शिकायत और उनके द्वारा उठाए गए सवालों के आधार पर जांच की मांग सामने आई है। निर्माण में भ्रष्टाचार की पुष्टि और जिम्मेदारी तय करने के लिए संबंधित विभाग की जांच तथा आधिकारिक निष्कर्ष महत्वपूर्ण होंगे।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0
