आज कामदा एकादशी पर बन रहा शक्तिशाली योग, इस 50 मिनट में पूजा कर ली तो बदल सकती है किस्मत
29 मार्च 2026 को कामदा एकादशी का पावन व्रत रखा जाएगा। इस दिन गौरी योग और त्रिग्रही योग बन रहे हैं, जो इसे खास बना रहे हैं। जानिए पूजा का शुभ मुहूर्त, व्रत विधि और इसके लाभ, जिससे जीवन में सुख-समृद्धि और मनोकामनाओं की पूर्ति होती है।
Kamada Ekadashi 2026: पंचांग के अनुसार, साल 2026 में 29 मार्च को कामदा एकादशी का पावन व्रत रखा जाएगा। धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक यह एकादशी सभी पापों का नाश करने वाली और मनोकामनाओं को पूरा करने वाली मानी जाती है। इस बार की कामदा एकादशी और भी खास हो गई है, क्योंकि इस दिन कई दुर्लभ और शुभ योगों का निर्माण हो रहा है। ज्योतिषाचार्यों का कहना है कि इन योगों का प्रभाव व्यक्ति के जीवन पर सकारात्मक रूप से पड़ सकता है और विशेष फल प्रदान कर सकता है।
गौरी योग और त्रिग्रही योग का बन रहा संयोग
इस साल कामदा एकादशी पर चंद्रमा अपनी ही राशि कर्क में स्थित रहेंगे, जिससे गौरी योग का निर्माण हो रहा है। यह योग सुख, शांति और पारिवारिक समृद्धि देने वाला माना जाता है। इसके साथ ही कुंभ राशि में मंगल, बुध और राहु की युति से त्रिग्रही योग बन रहा है। ज्योतिष के अनुसार, यह योग अचानक सफलता और जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने वाला माना जाता है।
पूजा का शुभ मुहूर्त और महत्व
कामदा एकादशी के दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की विधि-विधान से पूजा करना बेहद शुभ माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन व्रत और पूजा करने से सभी कष्ट दूर होते हैं और जीवन में सुख-समृद्धि आती है। पूजा के लिए सुबह 4:42 बजे से 6:15 बजे तक का समय शुभ है। वहीं, जो लोग सुबह पूजा नहीं कर पाते, उनके लिए दोपहर 12:01 बजे से 12:51 बजे तक का विशेष 50 मिनट का मुहूर्त भी अत्यंत फलदायी रहेगा।
ऐसे करें पूजा-व्रत की विधि
इस दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की प्रतिमा या फोटो स्थापित करें। दीपक जलाकर तुलसी दल, फल और फूल अर्पित करें। इसके बाद ॐ नमो भगवते वासुदेवाय मंत्र का जाप करें। व्रत कथा का पाठ करें और अंत में आरती करके पूजा पूर्ण करें।
व्रत रखने से मिलते हैं ये लाभ
धार्मिक मान्यता के अनुसार, कामदा एकादशी का व्रत रखने से सभी पापों का नाश होता है और मनोकामनाएं पूरी होती हैं। इसके साथ ही जीवन में सुख-शांति और समृद्धि आती है। आर्थिक समस्याओं से राहत मिलती है और परिवार में खुशहाली बनी रहती है। यह व्रत व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक ऊर्जा लाने वाला माना जाता है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0
